आजा छैला देस घुमाद्यूँ
मारवाड़ री सैर कराद्यूँ
घंटाघर रंग महल दिखाद्यूँ
जोधाणे री सैर कराद्यूँ
आजा छैला देस घुमाद्यूँ ।।
जैसाणे रण खेत घुमाद्यूँ
पीर धणी रा दरस् कराद्यूँ
बाबा री थारे मेहर करा द्यूँ
आजा छैला देस घुमा द्यूँ ।।
घूमर वाळी घेर घुमाद्यूँ
होळी री थने गैर नचाद्यूँ
महुड़ा रो रस पान कराद्यूँ
आजा छैला देस घुमाद्यूँ ।।
नीड़ खार री भौम घुमाद्यूँ
नर्मद वाळो नीर पिलाद्यूँ
उंट्या वाळी सैर कराद्यूँ
आजा छैला देस घुमाद्यूँ
मारवाड़ री सैर कराद्यूँ ।। १ ।।
लेखकः- बाबूलाल राईका सरनाऊ